अपने एक ट्वीट में विदेशमंत्री डाक्टर मुहम्मद जवाद ज़रीफ़ का कहना था कि मुझे अच्छी तरह मालूम है कि टीम "बी" की सोच का स्रोत कहा है।
उन्होंने कहा कि ईरान के विरुद्ध पक्के सबूतों और प्रमाणों के बिना लगाए जाने वाले अमरीकी आरोपों से पता चलता है कि टीम "बी" क्षेत्र में तनाव कम करने के उद्देश्य से जापान के प्रधानमंत्री शेन्ज़ो आबे के प्रयासों को बर्बाद करने के लिए विध्वंसक कूटनीति में व्यस्त है ताकि ईरान के विरुद्ध आर्थिक आतंकवाद का पर्दा डाला जा सके।
दूसरी ओर संयुक्त राष्ट्र संघ में ईरान के स्थाई कार्यालय से जारी होने वाले बयान में भी ओमान सागर में आयल टैंकर्ज़ के साथ घटने वाली घटना के बारे में अमरीका के मनगढ़ंत दावे की कड़े शब्दों में निंदा की गयी है।
बयान में कहा गया है कि अमरीका और उसके घटकों को क्षेत्र में युद्धोन्मादी नीतियों, गुप्त कार्यवाहियों और मतभेद फैलाने का क्रम बंद करना चाहिए और दूसरों पर आरोप लगाने की नीति से बाज़ रहना चाहिए।
ईरान के स्थान प्रतिनिधि कार्यालय के बयान में कहा गया है कि इस्लामी गणतंत्र ईरान, अमरीका की ज़ोरज़बरदस्ती, धौंस धमकियों और शैतानी कार्यवाहियों की ओर से सचेत करते हुए ओमान सागर में पिछले दिनों होने वाली संदिग्ध घटना पर गहरी चिंता व्यक्त करता है।